महिला दिवस की पूर्व संध्या पर आयोजित मां तुझे सलाम




पटना। महिला दिवस की पूर्व संध्या पर दी स्ट्रगलर्स , Berater Management Association एवं हिन्द डिफेंस एकेंडमी के संयुक्त तत्वावधान में "मां तुझे सलाम" का कार्यक्रम आयोजन का भव्य समापन किया गया। यह कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में माताओं की महत्वपूर्ण भूमिका को सम्मानित करना और उनके योगदान की सराहना करना था। 




कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों से आई 200 से अधिक माताओं को उनके त्याग, समर्पण और परिवार तथा समाज के निर्माण में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका के लिए सम्मानित किया गया। इस अवसर पर समाज के कई प्रतिष्ठित व्यक्तियों, जिनमें डॉक्टर, रक्षा कर्मी तथा अन्य विशिष्ट अतिथि शामिल थे, ने माताओं को सम्मान प्रदान किया।




इस अवसर पर Dr. Diwakar Pathak, संस्थापक Berater Management Association, ने अपने संबोधन में कहा कि माताएँ समाज की सबसे बड़ी शक्ति होती हैं। उनका निस्वार्थ प्रेम, त्याग और समर्पण समाज की मजबूत नींव तैयार करता है। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम माताओं के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का एक प्रयास है। Rajesh Kr Singh, संस्थापक Hind Defence Academy एवं भारतीय सेना के सेवानिवृत्त अधिकारी, ने अपने संबोधन में कहा कि अनुशासन, संस्कार और देशभक्ति जैसे मूल्य हमें सबसे पहले अपनी माताओं से ही प्राप्त होते हैं। 





उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि माताओं का सम्मान करना राष्ट्र का सम्मान करने के समान है। Divya Singh, निदेशक Hind Defence Academy, ने कार्यक्रम में उपस्थित माताओं और अतिथियों के उत्साहपूर्ण सहभागिता के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य उन माताओं के त्याग और शक्ति को सम्मान देना है, जो आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती हैं। इस अवसर पर Dinesh Kumar Pandey, मेंटर एवं ट्रस्टी, ने भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि महिलाएँ समाज में माँ, बहन और पत्नी के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। वे परिवार और समाज की आधारशिला होती हैं तथा अपने संस्कार, प्रेम और समर्पण से समाज को मजबूत बनाती हैं। उन्होंने यह भी कहा कि महिलाओं का सम्मान और सशक्तिकरण एक मजबूत और संतुलित समाज के निर्माण के लिए अत्यंत आवश्यक है। कार्यक्रम में समाज के विभिन्न वर्गों की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखने को मिली और अंत में माताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम का सफल समापन हुआ। इस दौरान हिंद डिफेंस एकेंडमी के बच्चों द्वारा मार्शल आर्ट, पिरामिड, योगा और गीत संगीत का रंगारंग कार्यक्रम किया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण कला मंच नौबतपुर के छोटे छोटे बच्चों ने लोककलाकार भिखारी ठाकुर की अमर कृति "बेटी बेचवा" का प्रदर्शन किया।





इस अवसर पर वरुण कुमार सिंह प्रदेश अध्यक्ष कला संस्कृति प्रकोष्ठ बिहार बीजेपी, कुमार रविकांत, सनत कुमार, रोशन कुमार, उत्तम कुमार आदि गणमान्य लोग उपस्थित थे




कथासार
लोकनाट्य सम्राट भिखारी ठाकुर द्वारा रचित यह नाटक ग्रामीण समाज में व्याप्त गरीबी, पितृसत्तात्मक सोच और धन के लालच में बेटियों की बेमेल शादियों व खरीद-फरोख्त जैसी अमानवीय कुरीतियों को प्रभावशाली ढंग से उजागर करता है। नाटक की कथा एक निर्धन परिवार की बेटी के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसकी शादी उसकी इच्छा के विरुद्ध एक वृद्ध पुरुष से कर दी जाती है। यह प्रस्तुति यह भी दर्शाती है कि ऐसी घटनाएँ केवल अतीत की नहीं हैं, बल्कि आज के समाज में भी लालच और मजबूरी के कारण बेटियों के साथ इस तरह के अन्याय की घटनाएँ आए दिन देखने और सुनने को मिल जाती हैं। नाटक का निर्देशन सोनू कुमार एवं चंदन कुमार द्वारा किया गया, जिनके निर्देशन में लोकशैली, सशक्त अभिनय और भावनात्मक प्रस्तुति के माध्यम से दर्शकों को गहराई से झकझोरा गया। संस्था कलामंच, नौबतपुर पिछले कई वर्षों से ग्रामीण क्षेत्र में सीमित संसाधनों के बावजूद मगही भाषा और रंगमंच के उत्थान के लिए निरंतर संघर्षरत है।




मंच पर
उपातो (बेटी) – हर्षिका कुमारी 
चटक (पिता) – शुभांशु कुमार
लोभा (मां) – रुचि कुमारी
लौंडा – प्रशांत कुमार
जोकर, गोतिया – यश कुमार
पंच – अमन कुमार रमण 
दूल्हा – राजीव रंजन प्रसाद 
दुल्हा के भाई – पिंटू कुमार
पंडित जी – ओम प्रकाश फजल
पंडित जी के बेटा – आयुष कुमार
नाई – विधान कुमार
सहेली – निर्झरा रंजन, सिगमा सिंह
ग्रामीण – शुभम कुमार, जलज रंजन, ऋषभ कुमार 
मंच परे
हारमोनियम, गायन – शंकर बिहारी 
नाल – सोनू कुमार
कोरस – मृणाल कुमार, आदित्य कुमार, अंकुश कुमार, आदर्श कुमार 
प्रकाश परिकल्पना – रौशन कुमार 
वस्त्र – विन्यास – ओम प्रकाश फजल, अंजू कुमारी
रूप – सज्जा – कंचन कुमारी, चंचला देवी 
मंच सज्जा – पंकज कुमार
मीडिया प्रभारी : लोक पंच
निर्देशन – सोनू कुमार, चन्दन कुमार

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