वरिष्ठ समाज सेवक कमल नोपानी दुःखी हैं पटना में फैली गंदगी और बीमारी से।



न्यूज़ डेस्क। पटना में डेंगू के प्रकोप से स्लम एरिया सबसे अधिक प्रभावित है,इसी को देखते हुए वरिष्ठ समाज सेवक कमल नोपानी पटना के स्लम एरिया का दौरा किया साथ ही गली में और नालों में ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव एवं ब्लीचिंग पाउडर का पैकेट वितरण कर लोगों को जागरूक किया और कहा डेंगू से बचाव के लिए लोगों को अपने घर तथा आसपास के वातावरण को साफ रखना जरूरी है। साथ ही उन्होंने कहा कि छत एवं घर के आस-पास अनुपयोगी सामग्री में पानी न जमा होने दें। सप्ताह में एक बार अपने कूलर, बाल्टी, टब, टंकी आदि का पानी खालीकर इन्हें सुखा लेना चाहिए। पानी के बर्तनों, टंकी आदि को ढंककर रखना चाहिए। घर के आस-पास के गड्ढों को मिट्टी से भर देना चाहिए।

उन्होंने सरकार से मांग करते हुए कहा कि सरकार को इन गरीब बस्तियां पर ख़ास ध्यान देना चाहिए तथा शहर में लगातार कीटनाशक दवाइयों का छिड़काव एवं फागिंग मशीन द्वारा फागिंग कराई जानी चाहिए, जिससे डेंगू तथा मलेरिया बुखार से बचाव हो सके।

बताते चलें समाज सेवक कमल नोपानी अपने समाज सेवकों के साथ बीते कई दिनों से पटना में अलग अलग स्लम एरिया में घूम घूम कर ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव एवं ब्लीचिंग पाउडर का पैकेट वितरण कर रहें हैं।

पटना में डेंगू मरीजों की संख्या में लगातर बढ़ोतरी :

इन दिनों डेंगू तेजी से पांव पसार रहा है, जिससे लोग अब डरने लगे हैं। राजधानी पटना की हालत सबसे खराब है, जहां डेंगू पीड़ितों की संख्या ने पिछला सारा रिकॉर्ड तोड़ दिया है। शुक्रवार को फिर से इस आकड़े में बढ़ोतरी देखने को मिली। पिछले 24 घंटे में पटना में 502 नये मरीज मिले हैं। पटना जिले में डेंगू मरीजों का आंकड़ा 4390 तक पहुंच चुका है। अब तो राज्य के कई सरकारी अस्पताल केे डेंगू वार्ड में बेड की कमी भी पड़नी शुरू हो गयी है।




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