- PRAGATI-50 में पटना एवं गया जी शामिल, स्वच्छता के क्षेत्र में बनेगा नया मॉडल :- 'नीतीश मिश्रा'
- ''पटना-गया जी बनेंगे स्वच्छता के मॉडल''
पटना: भारत सरकार के आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री श्री मनोहर लाल खट्टर की अध्यक्षता में आज स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत PRAGATI-50 कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस कार्यक्रम में बिहार के नगर विकास एवं आवास विभाग के मंत्री श्री नीतीश मिश्रा ने वर्चुअल माध्यम से भाग लिया।
नीतीश मिश्रा ने बताया कि PRAGATI-50 के तहत देश के 50 शहरों का चयन किया गया है, जिनमें बिहार के पटना एवं गया जी शहर भी शामिल हैं। इस पहल का उद्देश्य चयनित शहरों में स्वच्छता व्यवस्था को और अधिक प्रभावी एवं सुदृढ़ बनाने के साथ-साथ स्वच्छता के क्षेत्र में नवाचार और आधुनिक तकनीकों के बेहतर क्रियान्वयन को बढ़ावा देना है।
मंत्री श्री मिश्रा ने कहा कि यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के स्वच्छ, स्वस्थ एवं विकसित भारत के संकल्प तथा माननीय मुख्यमंत्री श्री सम्राट चैधरी जी के स्वच्छ, सुंदर एवं आधुनिक बिहार के विज़न को साकार करने की दिशा में PRAGATI-50 एक महत्वपूर्ण पहल है। पटना एवं गया जी का इस पहल में चयन बिहार के लिए गौरव का विषय है। राज्य सरकार इन दोनों शहरों में स्वच्छता, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, उपयोग किए गए जल के प्रबंधन, आधुनिक तकनीक के उपयोग तथा नागरिक सहभागिता को और प्रभावी बनाते हुए इन्हें स्वच्छता के क्षेत्र में उत्कृष्ट मॉडल शहर के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
मंत्री ने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन शहरी 2.0 के तहत 50 शहरों की पहचान की गई है। इन 24 राज्यों के ये 50 शहर देश के अन्य शहरों के लिए स्वच्छता के आदर्श मॉडल के रूप में विकसित होंगे। ये शहर नियमित स्वच्छता कार्यों से आगे बढ़कर स्वच्छता के सतत एवं उच्च प्रदर्शन मानकों को प्रदर्शित करेंगे।
उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के माध्यम से चयनित शहरों में स्वच्छता से संबंधित चुनौतियों के समाधान के लिए स्थानीय स्तर पर अभिनव प्रयासों को प्रोत्साहित किया जाएगा। साथ ही, स्वच्छ एवं स्वस्थ शहरी वातावरण के निर्माण के लिए विभिन्न हितधारकों की सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी।
मंत्री ने कहा कि बिहार के पटना एवं गया जी का PRAGATI-50 में चयन राज्य में स्वच्छता एवं शहरी विकास के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों को नई गति प्रदान करेगा। इससे दोनों शहरों में स्वच्छता संबंधी नवाचारों को प्रभावी रूप से लागू करने तथा नागरिकों को बेहतर शहरी सुविधाएं उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी।
श्री मिश्रा ने बताया कि इस पहल के अंतर्गत प्रमुख शहरों, सांस्कृतिक महत्व वाले शहरों, प्रमुख पर्यटन स्थलों तथा आर्थिक केंद्रों को शामिल किया गया है। इसका उद्देश्य शहरी स्वच्छता, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, उपयोग किए गए जल के प्रबंधन, स्वच्छता व्यवस्था तथा नागरिक सहभागिता में स्पष्ट एवं दृश्यमान सुधार लाना है।


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