पटना में वूमंस हॉस्पिटल इनफर्टिलिटी रिसर्च सेंटर की नई पहल, डॉक्टरों को मिलेगा विश्वस्तरीय रियल हैंड्स-ऑन गायनी और फर्टिलिटी प्रशिक्षण





पटना। स्त्री रोग, एंडोस्कोपी, दूरबीन सर्जरी और फर्टिलिटी के क्षेत्र में चिकित्सकीय प्रशिक्षण को नई ऊंचाई देने के उद्देश्य से पटना के कंकड़बाग स्थित वूमंस हॉस्पिटल इनफर्टिलिटी रिसर्च सेंटर ने अत्याधुनिक रियल हैंड्स-ऑन गायनी एंड फर्टिलिटी ट्रेनिंग सेंटर की शुरुआत की है। संस्थान के अनुसार यह उत्तर भारत की अपनी तरह की पहली पहल है, जहां चिकित्सकों को केवल किताबों और सैद्धांतिक ज्ञान तक सीमित न रखकर वास्तविक प्रक्रियाओं के करीब जाकर व्यावहारिक प्रशिक्षण देने की व्यवस्था की गई है।




दो दशक से अधिक समय से स्त्री रोग एवं फर्टिलिटी के क्षेत्र में कार्य कर रहा वूमंस हॉस्पिटल अब उपचार के साथ-साथ चिकित्सकों के कौशल विकास पर भी विशेष ध्यान दे रहा है। प्रशिक्षण केंद्र में अनुभवी विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में आधुनिक तकनीक, सटीक निदान, जटिल मामलों की समझ और अत्याधुनिक सर्जिकल प्रक्रियाओं की व्यावहारिक जानकारी दी जा रही है।

रियल हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग पर जोर

प्रशिक्षण कार्यक्रम से जुड़े विशेषज्ञों में डॉ. संजीव कुमार, डॉ. कुमारी अनुराग और डॉ. पंकज कुमार प्रमुख हैं। इनके निर्देशन में एंडोस्कोपी, गायनी लैप्रोस्कोपी, हिस्टेरोस्कोपी, फर्टिलिटी और रिप्रोडक्टिव टेक्नोलॉजी से जुड़ी तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।




संस्थान का कहना है कि प्रशिक्षण का उद्देश्य चिकित्सकों को केवल प्रक्रियाओं की जानकारी देना नहीं, बल्कि उन्हें तकनीक को सही तरीके से समझने, निर्णय लेने और जटिल परिस्थितियों को संभालने के लिए व्यावहारिक रूप से सक्षम बनाना है।

लैप्रोस्कोपी से IVF-ICSI तक आधुनिक तकनीकों की ट्रेनिंग

प्रशिक्षण केंद्र में गायनी दूरबीन सर्जरी, हिस्टेरोस्कोपी, लैप्रोस्कोपी, बांझपन का उपचार, IUI, IVF, ICSI, पुरुष बांझपन तथा महिला प्रजनन संबंधी जटिलताओं से जुड़ी आधुनिक तकनीकों को प्रशिक्षण का हिस्सा बनाया गया है।

विशेषज्ञों के मुताबिक हर मरीज के लिए IVF ही एकमात्र विकल्प नहीं होता। मरीज की उम्र, बीमारी की स्थिति और फर्टिलिटी संबंधी कारणों के आधार पर दवाओं, IUI, छोटी प्रक्रियाओं अथवा IVF जैसी विभिन्न उपचार पद्धतियों पर विचार किया जा सकता है। इसी वैज्ञानिक दृष्टिकोण को चिकित्सकों तक पहुंचाना प्रशिक्षण केंद्र की महत्वपूर्ण प्राथमिकताओं में शामिल है।

चिकित्सा क्षेत्र में एक दशक की प्रशिक्षण यात्रा पुस्तक में दर्ज

वूमंस हॉस्पिटल की एंडोगायनी और फर्टिलिटी प्रशिक्षण यात्रा को ‘Real Hands-On Revolution: Journey of a Decade of Endogyn & Fertility Training (2016-2026)’ पुस्तक में भी दर्ज किया गया है। पुस्तक में दूरबीन सर्जरी, फर्टिलिटी रिसर्च, चिकित्सकीय प्रशिक्षण और चिकित्सा क्षेत्र में हुए नवाचारों से जुड़े अनुभवों को शामिल किया गया है। राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे के अवसर पर इंडियन मेडिकल एसोसिएशन, बिहार से जुड़े कार्यक्रम में इसका लोकार्पण किया गया।

संस्थान की विशेषताओं में आधुनिक तकनीक आधारित उपचार, हजारों दूरबीन सर्जरी का अनुभव, अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप चिकित्सा व्यवस्था तथा बेहतर और किफायती उपचार को प्रमुखता दी गई है।

वूमंस हॉस्पिटल इनफर्टिलिटी रिसर्च सेंटर का यह नया प्रशिक्षण केंद्र बिहार ही नहीं, बल्कि पूरे उत्तर भारत में गायनी एंडोस्कोपी और फर्टिलिटी के क्षेत्र में चिकित्सकों के व्यावहारिक कौशल को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।

पता: एफ-131, पी.सी. कॉलोनी, कंकड़बाग, पटना

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